कैबिनेट का बड़ा फैसलाः समय पर मिलेगी जानकारी,
नुकसान से बचाव
आजादी के 78 साल बाद सरकार ने तहसीलों व गांवों को भारी से अति भारी बारिश जैसी प्राकृतिक आपदाओं से बचाने वाला बड़ा निर्णय लिया है।
अब हर तहसील में ऑटोटिक मौसम केंद्र और पंचायतों में वर्षामापी स्टेशन लगेंगे। दोनों की स्थापना प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के तहत होगी।
इससे समय रहते मौसम में होने वाले बदलाव की जानकारी मिलेगी। वर्षामापी स्टेशन से ज्यादा बारिश के संकेत मिलेंगे और समय रहते नुकसान से बचा जा सकेगा।
सीएम डॉ. मोहन यादव की अध्यक्षता में सोमवार को हुई कैबिनेट बैठक में इस प्रस्ताव को मंजूरी दी। सरकार ने इसके लिए 434.58 करोड़ रुपए मंजूर किए।
ये होंगे फायदे
- जिला स्तर पर बारिश को रिकॉर्ड करने की सुविधा है। ऐसे ज्यादा बारिश की आशंका पर नुकसान से बचने की पहल होती है। तहसील और पंचायतों में यह सुविधा होने पर गांवों में नुकसान नहीं होगा।
- क्षेत्रीय तालाबों व नदियों में पानी की स्थिति की जानकारी मिलेगी। गांवों समय रहते को बाढ से बचाने में मदद मिलेगी।
- कई बार भारी बारिश किसी बड़े क्षेत्र में न होकर किसी तहसील के एक हिस्से व पंचायतों तक ही सीमित रहती है। दस्तावेज न होने से ऐसे मामलों में फसल बर्बादी को राजस्व विभाग नहीं मानता। अब ऐसा नहीं हो सकेगा।
