मध्य प्रदेश में तेज बारिश के दौर के बीच बांधों का जलस्तर तेजी से बढ़ रहा है। बरगी बांध के 5 गेट खोलने की तैयारी है, जबकि भोपाल का बड़ा तालाब फुल टैंक लेवल से सिर्फ 0.30 फीट नीचे है।
नर्मदापुरम-छिंदवाड़ा में अति भारी बारिश और 6 जिलों में भारी बारिश का अलर्ट है।
मध्य प्रदेश में लगातार भारी बारिश का दौर जारी है। पूर्वी क्षेत्र के कई नदी-नाले उफान पर है। गुरुवार को प्रदेश के कई हिस्सों में भारी से अति भारी बारिश का अलर्ट है।
नर्मदापुरम और छिंदवाड़ा में रेड अलर्ट, जबकि छतरपुर, सागर, रायसेन, नरसिंहपुर, सिवनी और बैतूल में ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है।
इन जिलों में 24 घंटे के दौरान 4 इंच से ज्यादा बारिश हो सकती है।
इसके अलावा सीहोर, आगर-मालवा, राजगढ़, गुना, विदिशा, अशोकनगर, शिवपुरी, दतिया, निवाड़ी, टीकमगढ़, दमोह, पन्ना, सतना, मैहर, कटनी, जबलपुर, डिंडोरी, मंडला, पांढुर्णा और बालाघाट में भी भारी बारिश की संभावना है।
भोपाल और उज्जैन समेत प्रदेश के कई अन्य जिलों में कहीं तेज तो कहीं हल्की बारिश होने का अनुमान है।
4 सितंबर से पश्चिमी एमपी में बढ़ेगा असर
मौसम विशेषज्ञों के अनुसार, 4 सितंबर से बारिश का सिस्टम पश्चिमी और मध्य हिस्सों की ओर बढ़ेगा। इसका असर भोपाल, उज्जैन, ग्वालियर, सागर, नर्मदापुरम और चंबल संभाग में ज्यादा दिखाई दे सकता है।
भोपाल, उज्जैन और ग्वालियर में भारी बारिश होने की संभावना है, जबकि इंदौर में तेज बारिश के आसार कम हैं।
5 सितंबर को उत्तरी मध्य प्रदेश और 6 सितंबर को ग्वालियर-चंबल संभाग में बारिश का जोर बढ़ सकता है।
