तीन दिन के ब्रेक के बाद मध्य प्रदेश में मानसून फिर सक्रिय हो गया है। आज पूर्वी एमपी के 12 जिलों में भारी बारिश का अलर्ट है।
12 सितंबर से इंदौर, उज्जैन और नर्मदापुरम संभाग में भी बारिश बढ़ने की संभावना है। प्रदेश में अब तक सामान्य से 8 प्रतिशत कम बारिश हुई है।
मध्य प्रदेश में तीन दिन की राहत के बाद मानसून ने फिर करवट ली है। शुक्रवार को प्रदेश के पूर्वी हिस्से के 12 जिलों में भारी बारिश का अलर्ट है।
सतना, रीवा, मऊगंज, सीधी, मैहर, शहडोल, डिंडौरी, अनूपपुर, मंडला, बालाघाट, सिवनी और छिंदवाड़ा में बारिश का जोर रहने की संभावना है।
12 सितंबर से इंदौर, उज्जैन और नर्मदापुरम संभाग में भी बारिश की गतिविधियां बढ़ेंगी।
फिर सक्रिय हुआ मानसून, अब पश्चिमी एमपी की बारी
प्रदेश में पिछले तीन दिनों से बारिश का जोर थमा हुआ था। ज्यादातर इलाकों में धूप निकलने से गर्मी और उमस बढ़ गई थी।
भोपाल, इंदौर, उज्जैन, ग्वालियर और जबलपुर में भी गुरुवार को धूप का असर रहा।
अब बंगाल की खाड़ी में बने निम्न दाब क्षेत्र, सक्रिय मानसून ट्रफ और पश्चिमी हिस्से में बने चक्रवाती परिसंचरण के कारण बारिश का नया दौर शुरू होने की संभावना है।
शुक्रवार को इसका ज्यादा असर पूर्वी मध्य प्रदेश में रहेगा, जबकि शनिवार से पश्चिमी हिस्से में भी बारिश बढ़ सकती है।
इंदौर समेत इन इलाकों में कल से बढ़ेगी बारिश
12 सितंबर से बारिश का दायरा पूर्वी मध्य प्रदेश से आगे बढ़ेगा। इंदौर, उज्जैन और नर्मदापुरम संभाग में बारिश की गतिविधियां बढ़ने का अनुमान है।
पश्चिमी मध्य प्रदेश के कई जिले अभी सामान्य बारिश से पीछे चल रहे हैं, इसलिए नया सिस्टम यहां बारिश के आंकड़े को सुधार सकता है।
