बलराम जयंती • भारतीय किसान संघ ने डही में किया शक्ति प्रदर्शन; डही को सूखाग्रस्त घोषित करने की मांग
कृषि उपज उपमंडी परिसर में मंगलवार को भारतीय किसान संघ के बैनर तले क्षेत्र के 300 से अधिक किसान जुटे।
भगवान बलराम जयंती पर आयोजित इस किसान सभा में किसानों ने अपनी समस्याओं को लेकर आवाज बुलंद की।
किसानों ने फसलों के लाभकारी मूल्य, सिंचाई के लिए 14 घंटे बिजली और 132 केवी लाइन से हुए नुकसान के उचित मुआवजे – सहित 31 सूत्रीय मांगों को लेकर तहसीलदार को प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा।
भारतीय किसान संघ हर साल भगवान बलराम जयंती को ज्ञापन दिवस के रूप में मनाता है।
सभा में किसानों ने कपास का समर्थन मूल्य 10, सोयाबीन 8 और मक्का 3 हजार रुपए प्रति क्विंटल करने की मांग प्रमुखता से रखी।
किसानों ने किसान हितैषी आयात-निर्यात नीति लागू करने, फसल के समय अनावश्यक आयात रोकने और किसानों की उपज के निर्यात के पर्याप्त अवसर उपलब्ध कराने की मांग भी की।
ज्ञापन में डही तहसील को सूखाग्रस्त घोषित कर किसानों को नियमानुसार राहत और सहायता देने की मांग की गई।
किसानों ने नकली बीज-खाद की बिक्री पर प्रभावी रोक लगाने और मक्का व सोयाबीन की समर्थन मूल्य पर खरीदी जल्द शुरू करने की मांग भी रखी।
सिंचाई के लिए प्रतिदिन 14 घंटे पर्याप्त बिजली देने, ग्राम ज्योति योजना के तहत पूर्ण बिजली लाइनों को तत्काल चालू करने और लंबित कनेक्शन जारी करने की मांग की गई।
कम वोल्टेज की समस्या दूर करने के लिए ट्रांसफॉर्मरों की क्षमता बढ़ाने की मांग भी उठी।
132 केवी हाईटेंशन लाइन से प्रभावित किसानों को भूमि, टावर, कॉरिडोर, फसल, कुआं और पेड़ सहित सभी नुकसान का उचित मुआवजा देने तथा किसान की मौजूदगी में निष्पक्ष पुनः सर्वे कराने की मांग की गई।
मुआवजा गणना की प्रमाणित प्रति किसान को उपलब्ध कराने की बात भी ज्ञापन में शामिल है।
मंडी में कपास-अनाज की नियमित नीलामी हो
किसानों ने डही माइक्रो उद्वहन सिंचाई परियोजना का पानी खेतों तक पहुंचाने और भूमि के अनुसार पर्याप्त सिंचाई पानी उपलब्ध कराने की मांग की।
कृषि उपज उपमंडी में कपास और अनाज की नियमित नीलामी शुरू करने, 50 टन क्षमता का इलेक्ट्रॉनिक तौल कांटा लगाने के साथ पेयजल और शौचालय की सुविधा उपलब्ध कराने की मांग भी की गई।
ज्ञापन में भूमि बंटवारा और नामांतरण प्रकरणों का समयबद्ध निराकरण, तीन पीढ़ियों से कृषि कर रहे किसानों के भूमि अधिकार संबंधी मामलों का जल्द समाधान,
खेत सड़क योजना शुरू करने और प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना से शेष गांवों को मुख्य मागों से जोड़ने की मांग की गई।
उचित मूल्य दुकानों पर पारदर्शी राशन वितरण तथा किसान क्रेडिट कार्ड ऋण में 2 लाख रुपए तक की कर्जमाफी की मांग भी रखी गई।
किसानों ने जैविक और प्राकृतिक खेती को बढ़ावा देने के लिए फसलवार अनुदान, योजनाओं की जानकारी ग्राम स्तर तक पहुंचाने और मनावर को जिला घोषित करने की मांग भी की।
31 मांगों पर निष्पक्ष और समयबद्ध कार्रवाई की मांग…
कार्यक्रम में भारतीय किसान संघ के प्रदेश मंत्री राजेन्द्र शर्मा, मनावर जिला कोषाध्यक्ष सुरेश चंद्र पाटीदार, तहसील अध्यक्ष डही भारत लछेटा, तहसील मंत्री कुमावत सिंह खरते, कुक्षी तहसील अध्यक्ष अनिल पाटीदार सहित वरिष्ठ किसान रणसिंह जमरा, महादेव पाटीदार गणपुर, संगठन पदाधिकारी, कार्यकर्ता और बड़ी संख्या में किसान मौजूद रहे।
संगठन ने शासन-प्रशासन से सभी 31 मांगों पर निष्पक्ष और समयबद्ध कार्रवाई कर किसान संगठन को जानकारी देने की मांग की।
