हमारे व्हाट्सएप ग्रुप से जुड़ें
WhatsApp Group Join Now

PM Kisan : अब घर बैठे भी ठीक कर सकते हैं अपने गलत डॉक्यूमेंट्स

पीएम किसान योजना का लाभ लेने वाले किसानों को अब बड़ी राहत मिल गई है.

यदि डोक्यूमेंट्स में गड़बड़ी के चलते किस्तें पाने में देरी हो रही है तो घर बैठे डोक्यूमेंट्स को ठीक कर सकते हैं.

 

ये है प्रोसेस

प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना के तहत हर साल किसानों के बैंक खाते में 6,000 रुपये ट्रांसफर किए जाते हैं.

ये राशि दो-दो हजार रुपये की 3 किस्तों में डीबीटी के माध्यम से भेजी जाती है. इसमें बिचौलियों का कोई रोल नहीं होता.

ये पैसा सीधा किसानों तक पहुंचता है. इस योजना के तहत अभी तक 13 किस्तें किसानों के खाते में ट्रांसफर की जा चुकी हैं.

27 फरवरी को ही 13वीं किस्त के 2,000 रुपये करीब 8 करोड़ से अधिक किसानों के खाते में डाले गए , लेकिन समस्या ये है कि कई किसानों को 13वीं किस्त का पैसा नहीं मिला है.

इसके पीछे किसानों के डोक्यूमेंट्स में गड़बड़ी भी हो सकती हैं.

अच्छी बात यह है कि अब किसान घर बैठे अपने लगभग सभी जानकारी फिर से अपडेट कर सकते हैं.

 

ऑनलाइन ठीक करें दस्तावेज

पीएम किसान पोर्टल पर किसानों के पंजीकरण के दौरान आधार कार्ड से लेकर बैंक अकाउंट डिटेल आदि कई जानकारियां मांगी जाती हैं,

लेकिन कई बार डोक्यूमेंट्स में कुछ चेंज होने या जानकारी गलत हाने की वजह से सहायता राशि का पैसा अटक जाता है.

यदि इस बार भी खाते में पैसा नहीं आया है तो परेशान ना हों, क्योंकि अब किसान अपनी गलत दर्ज जानकारी को भी ऑनलाइन ही ठीक कर सकते हैं. ये सेवा पूरी तरह से निशुल्क है.

इस मामले में बिहार कृषि विभाग की वेबसाइट डीबीटी पोर्टल ने पूरी प्रक्रिया विस्तार से समझाई है.

 

क्या है पूरी प्रोसेस

अपने दस्तावेजों की जानकारी ठीक करने के लिए किसानों को सबसे पहले पीएम किसान योजना की ऑफिशियल वेबसाइट pmkisan.gov.in पर जाना होगा.

  • होम पेज पर दाईं ओर Farmers Corner के सेक्शन में जाएं और  Change Beneficiary Name  के ऑप्शन पर क्लिक करें
  • यहां किसान अपना आधार नंबर और अन्य मांगी गई जानकारी दर्ज करें
  • जब आधार डेटाबेस में सेव हो जाएगा तो नाम चेंज करने का ऑप्शन आएगा
  • यदि आपका आधार कार्ड भी पोर्टल पर सेव नहीं है तो आपको अपने जिले के कृषि विभाग का कार्यालय में संपर्क करना होगा
  • यदि डेटाबेस सेव है  तो अपना रजिस्ट्रेशन नंबर, नाम, मोबाइल नंबर, उप-जिला, गांव और आधार संख्या स्क्रीन पर दिख जाएगी
  • यहां केवाईसी का ऑप्शन भी मौजूद है. आप चाहें तो हाथोंहाथ अपनी ई-केवाईसी भी अपडेट कर सकते हैं
  • अगले स्टेप में किसान के आधार सीडिंग को चेक किया जाएगा.यदि किसान का बैंक आधार से लिंक नहीं है तो उसका अलर्ट भी किसान को यही मिल जाएगा.

यह भी पढ़े : सीएम शिवराज ने अधिकारियों को दिए निर्देश, जल्द पूरा होगा सर्वे का कार्य

 

यह भी पढ़े : कर्जदार किसानों को मध्य प्रदेश सरकार ने बजट में दिया तोहफ़ा

 

शेयर करें